टोंक जिले के निवाई से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां यूट्यूब चैनल चलाने वाले 20 वर्षीय युवक का बदमाशों ने अपहरण कर 1 करोड़ रुपए की फिरौती मांगी। हालांकि, कोटपूतली-बहरोड़ जिला पुलिस की मुस्तैदी और त्वरित कार्रवाई के चलते इस सनसनीखेज वारदात का महज 11 घंटे के भीतर पर्दाफाश कर लिया गया। पुलिस ने पीड़ित युवक को सकुशल बरामद कर दो आरोपियों को दबोच लिया है।
स्टूडियो से लौटते वक्त हुआ था अपहरण
कोटपूतली-बहरोड़ एसपी सतवीर सिंह ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि पीड़ित महेश (20) पुत्र राजाराम, जो कि दत्तवास का रहने वाला है, निवाई थाना क्षेत्र के कोटा हाईवे स्थित ललवाड़ी चौराहे पर एक यूट्यूब चैनल के लिए म्यूजिक वीडियो रिकॉर्ड करने का काम करता था। दिन में शोर-शराबा होने के कारण वह अक्सर रात में ही वीडियो एडिटिंग और रिकॉर्डिंग का काम करता था।
बीते दिन (24 जुलाई) सुबह करीब 3:20 बजे जब महेश अपने स्टूडियो से घर लौटने के लिए निकला, तभी स्कॉर्पियो सवार 5 बदमाशों ने उसे जबरन गाड़ी में पटक लिया। जाते-जाते बदमाश मौके पर खड़ी अपनी एक बाइक भी साथ भगा ले गए। अपहरण के तुरंत बाद बदमाशों ने उसके परिजनों को फोन कर एक करोड़ रुपए की भारी-भरकम फिरौती मांगनी शुरू कर दी।
पुलिस का फिल्मी एक्शन: टोल तोड़ा तो ट्रैफिक रोककर लगाया जाम
शुक्रवार दोपहर करीब 1 बजे निवाई डीएसपी रवि शर्मा ने सरूंड थाना पुलिस को इनपुट दिया कि अपहर्ताओं की स्कॉर्पियो पाटन के पास से कोटपूतली की ओर आ रही है। सूचना मिलते ही सरूंड पुलिस ने तुरंत टोल प्लाजा पर नाकाबंदी कर दी। दोपहर 1:30 बजे बदमाश नाकाबंदी तोड़कर भाग निकले।
स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए कोटपूतली चौराहा पुलिस ने ट्रैफिक रोककर कृत्रिम जाम लगा दिया। दोपहर 2:10 बजे डाबला रोड स्थित पुलिया के पास जाम में स्कॉर्पियो फंस गई। खुद को घिरता देख बदमाश महेश को गाड़ी में ही छोड़कर पैदल ही भागने लगे।
3 किमी पीछा कर दबोचे गए बदमाश, देशी कट्टा बरामद
पुलिस टीम ने तत्परता दिखाते हुए करीब 3 किलोमीटर तक पैदल पीछा कर नवरंगपुरा से दो मुख्य आरोपियों— आशीष मीणा और आदित्य—को धर दबोचा। पुलिस ने उनके कब्जे से एक देशी कट्टा और दो जिंदा कारतूस भी बरामद किए हैं।
एसपी सतवीर सिंह ने बताया कि गिरफ्तार दोनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। वहीं, वारदात में शामिल बाकी तीन अन्य बदमाशों की तलाश के लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। इस त्वरित कार्रवाई से टोंक और कोटपूतली पुलिस ने एक बड़ा टलने वाला हादसा टाल दिया है, जिससे परिजनों ने राहत की सांस ली है।
